एक रिपोर्ट”राष्ट्रीय जागरण मंच”
लड़कियां विशेष ध्यान दें। क्या आप जानते है।*बॉडी पार्ट्स आते कहाँ से है?? आपने सुना होगा कि 40 लाख देकर किडनी बदलवा लो। वो भी 16 – 25 आयु के…
राहुल गांधी और तेजस्वी यादव की यात्रा के मंच से प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी की स्वर्गीय माताजी के लिए बेहद अभद्र भाषा का प्रयोग किया गया।
राजनीति में ऐसी नीचता पहले कभी नहीं देखी गई। यह यात्रा अपमान, घृणा और स्तरहीनता की सारी हदें पार कर चुकी है। तेजस्वी और राहुल ने पहले बिहार के लोगों…
शिक्षित हो सामाजिक बनो संगठित होकर संघर्ष करो 🙏🙏
शिक्षित हो सामाजिक बनो संगठित होकर संघर्ष करो 🙏🙏जलांचल प्रगति पथ संस्थान उत्तर प्रदेश निरन्तर समाज गाँव गाँव जागरूक अभियान चला रहा है। जलांचल कि उद्देश्य है कि समाज के…
मेहनत योग्यता व कार्यकुशलता के दम पर कार्य करने वाले जीआरपी थानाप्रभारी कमल किशोर
तस्लीम बेनकाब मुज़फ्फरनगर।एक बार फिर आला अधिकारियों ने विश्वास जताते हुए जीआरपी रेलवे थाना प्रभारी की कमान कमल किशोर को सौंपी है।विदित हो की कमल किशोर बिजनौर मुरादाबाद वे अन्य…
जिलाधिकारी अस्मिता लाल की अध्यक्षता में बेसिक शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक आयोजित
हर बच्चे तक पहुंचे बेहतर शिक्षा और अवसर, जिलाधिकारी ने दिए सख्त निर्देश अधिकारियों द्वारा गोद लिए गए 61 विद्यालयों में मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश बच्चों को मिले…
बागपत कलेक्ट्रेट सभागार में विधान परिषद निर्वाचन की तैयारियों को लेकर समीक्षा बैठक हुई आयोजित
मतदेय स्थलों पर सभी मूलभूत सुविधाएँ हों सुनिश्चित, पुनरीक्षण प्रक्रिया से पहले तय होंगे मतदान केंद्र निर्वाचन आयोग के मानक अनुसार 16 किमी से अधिक नहीं होगी मतदाता की मतदान…
लोक सेवक अपना कार्य व्यवहार सुधारें अन्यथा उनकी सेहत के लिए अच्छा नहीं होगा : श्यामलाल
रमेश निषाद के नेतृत्व में मधुबन में हुआ मोस्ट शिक्षा जागरूकता कार्यक्रम फलजीत निषाद मोस्ट प्रचारक और राहुल कश्यप का मोस्ट आईटी के लिए हुआ चयन सुलतानपुर। आज दिनांक 23-08-2025…
यूपी में चार आईपीएस अफसरों के तबादले, केशव कुमार चौधरी अपर पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट गाजियाबाद बने
लखनऊ ::- यूपी में चार आईपीएस अधिकारियों के तबादले कर दिए गए हैं। आईपीएस केशव कुमार चौधरी गाजियाबाद कमिश्नरेट के अपर पुलिस आयुक्त बनें। आईपीएस विजय सिंह मीना को सीतापुर…
वीर एकलव्य की गुरु के प्रति निष्ठा परखने/जांचने/प्रदर्शित/चेक करने के लिए सच्चे शिष्य वीर एकलव्य से गुरु द्रोणाचार्य ने अंगूठा मांग लिया!इस टेस्ट/परीक्षण/जांच में वीर एकलव्य खरे उतरे और अपना अंगूठा गुरु द्रोणाचार्य के चरणों में अर्पित कर दिया! तो गुरु द्रोणाचार्य को वीर एकलव्य की निष्ठा से खुश होकर उनके अंगूठे को सर्जरी द्वारा जोड़ देना चाहिए था मगर ऐसा नहीं हुआ!
जबकि गुस्से में शिवजी गणेश जी को पहचान ही नहीं पाए कि श्री गणेश उनके पुत्र हैँ और उन्होंने गुस्से में गणेश जी का सिर धड़ से अलग कर दिया…