80वें स्वतंत्रता दिवस पर ‘क्षितिज’ की सौगात, अब बेबस बचपन को मिलेगा सुरक्षित आसमान
जिन्हें जिलाधिकारी की गोद और प्रशासन का संरक्षण नसीब हो, वे बच्चे अनाथ नहीं हो सकते बागपत में शुरू हुआ पहला ‘क्षितिज बाल/शिशु गृह’, डीएम अस्मिता लाल ने बच्चों को…
नए यूपी में श्रम को सम्मान: ‘पहले कोई पूछता नहीं था, आज नाम लेकर सम्मान मिला’; 130 सफाईकर्मियों को प्रमाणपत्र-स्मार्टवॉच, 150 युवा स्वयंसेवकों को प्रमाणपत्र और एयरपॉड्स देकर बढ़ाया हौसला
जिन हाथों में थी झाड़ू, आज उन्हीं में चमकी स्मार्टवॉच; बागपत में सफाई योद्धाओं का सम्मान, बोले- बच्चों को बताएंगे मेहनत कभी बेकार नहीं जाती जो सबसे पीछे दिखते थे,…
महोदय, Please….. Gen-G के “New Normal Behaviour” पर संक्षिप्त विचारआज की नई पीढ़ी का “New Normal” केवल तकनीक का उपयोग नहीं, बल्कि जीवन जीने का नया तरीका है। इसकी कुछ प्रमुख विशेषताएँ हैं—
Gen-G के “New Normal Behaviour” पर संक्षिप्त विचारआज की नई पीढ़ी का “New Normal” केवल तकनीक का उपयोग नहीं, बल्कि जीवन जीने का नया तरीका है। इसकी कुछ प्रमुख विशेषताएँ…
लालासागर में जहाज उड़ा दिए जाएतब भी हम नाराज मात्र होतें हैं!जनगणना में खेल हो जाएतब भी नाराज होते हैं!परिसीमन में क्षेत्र बँट जाएतब भी नाराज होते हैं!वोटरलिस्ट से नाम कट जाएतब भी नाराज होते हैं!ओबीसी कोटा लूट ली जाती हैतब भी नाराज होते हैं!ईबीसी कोटा की लूट होती हैतब भी नाराज होते हैं!दिन-प्रतिदिन स्कूल की कमीतब भी नाराज होते हैं!उच्चतर – तकनीकी शिक्षा से मरहूमतब भी नाराज होते हैं!एमपी-एमएलए बन जाने के बाद भीसमाज का विकास नहीं होता हैतब भी नाराज होते हैं!जीते हुए एमएलए दलबदल करते हैंतब भी नाराज होते हैं!मानव तस्करी , नशाखोरीतब भी नाराज होते हैं!
नाराज मात्र होने से क्या होगामुँह पर ताले बंद करने से क्या होगामालिक, मालिक करने से क्या होगाभगवान भगवान करने से क्या होगानाराज़गी की चिन्गारी को ज्वाला बना दोअहिंसा में…
मुंबई का नाम यह मुंम्बा देवी के नाम से हीं पड़ा है ।बुद्ध काल से लेकर आज तक मुंबई की मुंम्बादेवी यह कोलीय वंश के लोगों की मुख्य देवता हैं,
आज भी मुंबई के लोग मुंम्बादेवी को ही पुजते है , निष्कर्ष:हमारी बात सांस्कृतिक दृष्टिकोण से ही नही अपितु,इसे ऐतिहासिक तथ्यों के रूप में स्वीकार करने योग्य है । जय…
विश्व मूलनिवासी दिवस (World indigenous day)
को विश्व आदिवासी दिवस के रूप में प्रचार प्रसार करना यह आदिवासी पहचान बचाने या आदिवासियों का विकास करने का मामला नहीं है बल्कि ब्राह्मणों का विदेशीपन छुपाने और मूलनिवासी…
*74 आयरन लेडी फूलन देवी(10.8.1963-25.7.2001)
जीवन की प्रमुख घटनाएंप्रतिशोध 14.2.1981समर्पण 12.2.1983रिहाई 14.2.1994धम्म दीक्षा 15.2.1995संसद प्रवेश 22.5.1996 जन्म, लैंगिक भेदभाव, अशिक्षा फूलन देवी का जन्म उत्तर प्रदेश के बुंदेलखंड क्षेत्र के जालौन जिले में गांव गढ़…
“आज़ादी के 79 वर्ष बाद भी कश्यप समाज की वर्तमान स्थिति – आत्ममंथन का विषय”
1.“आज़ादी के 79 वर्ष बाद भी निषाद समाज की वर्तमान स्थिति – आत्ममंथन का विषय” 1.कश्यप समाज ने भारत की आज़ादी के संघर्ष में साहसपूर्वक भाग लिया और अनेक वीरों…
👉आप के बच्चों के लिए देश के महत्वपूर्ण मुद्दे हिंदू मुस्लिम ओर कांग्रेस कांग्रेस नहीं है। बल्कि शिक्षा स्वास्थ्य नौकरी मंहगाई बेरोजगारी रुपए की गिरावट GDP GST CST NEET TET पेपरलीक LRD 79,000,भरती कोमभाड EVM वोटिंग मशीन की घाघली देश की बिक्री एवं मीडिया धर्मस्थल ओर चुनाव आयोग का बिकना RssBjp की भ्रष्ट उपज है। कुछभी करके उसे हटाना जरूरी है।✍️💐👏आपने बिल्कुल सही बात रखी है कि आम लोगों के लिए रोज़मर्रा के मुद्दे सबसे बड़े हैं। 🙏
आपके मैसेज में जिन मुद्दों का ज़िक्र है: बहुत से लोग भी यही कहते हैं कि बच्चों के भविष्य के लिए धर्म या पार्टी की बहस से ज़्यादा ज़रूरी है…
ये तस्वीर अक्सर सोशल मीडिया पर वायरल रहती है यह तस्वीर दक्षिण भारत के ब्रह्मणो की है
दक्षिण भारत की राजनीति में ब्राह्मणों का कोई प्रभाव नही है तमिलनाडु में किसी भी दल ने ब्राह्मणों को टिकट नही दिया था उत्तर भारत में जहां मंदिर आंदोलन और…