दोस्तो कांग्रेस नें हमेशा देश की बात की है और देश की भ्रस्ट व्यवस्था के विरुद्ध सड़कों पर आंदोलन किया है लेकिन आज कांग्रेस को क्या हो गया है आज BJP RSS खुलेआम देश में हिन्दू मुलमान के नाम पर राजनीती कर रही है योगीजी के फोटो डाल कर बताया जा रहा है कि उ.प्र. बिधानसभा चुनावोंम में BJP को मुस्लिम यादव और दलितों के बोट नहीं चाहिए उसके बाद भी इस बार BJP की सरकार ही बनेगी क्योंकी देश का चुनाव आयोग BJP के इशारों पर कार्य कर रहा है प. बंगाल इसका सबसे अच्छा उदाहरण है बंगाल की मुख्यमंत्री देश की जनता और सुप्रीम कोर्ट को सबूतों को दिखा कर बता रहीं हैं कि किस प्रकार से बंगालीयों के बोटों को काटा जा रहा है और किस प्रकार से फार्म 6 का प्रयोग करके बोटों को बनाया जा रहा है क्या यह सब सुप्रीम कोर्ट और देश की राष्ट्रपति महोदया को दिखाई नहीं दे रहादोस्तो अब बताया जा रहा है कि BJP में इतने कोंग्रेसी आ चुके हैं अगर यह सभी फिर से कांग्रेस में चले गए तो देश BJP मुक्त देश हो जायेगा अब हम कोंग्रेसियों को इसी सोच को बदलना हैदोस्तो आज BJP नें देश की व्यवस्था को इतना बदतर बना दिया है अगर देश इसी प्रकार से मोदी जी का शेष बचा हुआ कार्यकाल पूरा करता है तो देश की व्यवस्था इतनी बदतर हो जाएगी कि उसको ठीक करना मुश्किल हो जायेगा और यह सब कांग्रेस हाईकमान भी जानता है लेकिन इसके बाद भी कांग्रेस सड़कों पर सत्ता के विरोध में आंदोलन शुरू नहीं कर पा रही है आज उ.प्र. के साथ देश की जनता कांग्रेस की तरफ देख रही है उसके बाद भी कांग्रेस सड़कों पर दिखाई नहीं दे रही हैदोस्तो इसका प्रमुख कारण कांग्रेस ही है कांग्रेस नें कोंग्रेसियों की जगह दूसरी पार्टियों से आये नेताओं को कांग्रेस के प्रमुख पदों पर बिठा दिया और इन्होंने कांग्रेस की ओर देखना ही बन्द कर दियादोस्तो उ.प्र. देश का सबसे बड़ा प्रदेश है देश की जनता योगी सरकार से दुखी है लेकिन कांग्रेस क्या कर रही है उ.प्र. कांग्रेस अध्यक्ष और प्रभारी क्या कर रहे हैं उ.प्र. के जिला प्रभारी और अध्यक्ष क्या कर रहे हैं और कांग्रेस हाईकमान इनकी कार्य प्रणाली को क्यों नहीं देख रहादोस्तो अब कांग्रेस मोदी सरकार BJP RSS के विरुद्ध कांग्रेस का आंदोलन संभल कलेक्ट्रेट से ही शुरू होगा कांग्रेस के इस आंदोलन से पहले प्रत्येक माह की 25 तारीख को संभल कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन करके इस आंदोलन की त्यारी देश के शासन और प्रशासन को देते रहेंगेलेकिन इस प्रदर्शन में भी मौजूदा कांग्रेस पदाधिकारी शामिल नहीं होंगे क्योंकी यह कोंग्रेसी हैं ही नहींदोस्तो अब देश में मोदी सरकार BJP RSS के विरुद्ध संभल कलेक्ट्रेट से कांग्रेस का आंदोलन शुरू होगा चाहे कोई आये या नहीं आयेधन्यवादआपका अपना विनोद साथीजिला उपाध्यक्षसंभल कांग्रेस उ.प्र.जिला संयोजकठगी पीड़ित जमाकर्ता परिवारसंभल8791674785 9720026990 wजय हिन्द जय भारत जय कांग्रेस

दोस्तो कांग्रेस नें हमेशा देश की बात की है और देश की भ्रस्ट व्यवस्था के विरुद्ध सड़कों पर आंदोलन किया…

बर्तन के बदले तो नहीं बेच रहे पुराना फोन, इस्तार की गिरफ्तारी से खुला ‘मदरबोर्ड स्कैम’: जानें- कैसे साइबर अपराधियों का हथियार बन सकती है लापरवाही

बर्तनों के बदले पुराने फोन देकर हो रही साइबर ठगी (फोटो साभार : ChatGPT)जब आप अपना पुराना, टूटा या बेकार…

दोस्तो कांग्रेस नें हमेशा देश की बात की है और देश की भ्रस्ट व्यवस्था के विरुद्ध सड़कों पर आंदोलन किया है लेकिन आज कांग्रेस को क्या हो गया है आज BJP RSS खुलेआम देश में हिन्दू मुलमान के नाम पर राजनीती कर रही है योगीजी के फोटो डाल कर बताया जा रहा है कि उ.प्र. बिधानसभा चुनावोंम में BJP को मुस्लिम यादव और दलितों के बोट नहीं चाहिए उसके बाद भी इस बार BJP की सरकार ही बनेगी क्योंकी देश का चुनाव आयोग BJP के इशारों पर कार्य कर रहा है प. बंगाल इसका सबसे अच्छा उदाहरण है बंगाल की मुख्यमंत्री देश की जनता और सुप्रीम कोर्ट को सबूतों को दिखा कर बता रहीं हैं कि किस प्रकार से बंगालीयों के बोटों को काटा जा रहा है और किस प्रकार से फार्म 6 का प्रयोग करके बोटों को बनाया जा रहा है क्या यह सब सुप्रीम कोर्ट और देश की राष्ट्रपति महोदया को दिखाई नहीं दे रहादोस्तो अब बताया जा रहा है कि BJP में इतने कोंग्रेसी आ चुके हैं अगर यह सभी फिर से कांग्रेस में चले गए तो देश BJP मुक्त देश हो जायेगा अब हम कोंग्रेसियों को इसी सोच को बदलना हैदोस्तो आज BJP नें देश की व्यवस्था को इतना बदतर बना दिया है अगर देश इसी प्रकार से मोदी जी का शेष बचा हुआ कार्यकाल पूरा करता है तो देश की व्यवस्था इतनी बदतर हो जाएगी कि उसको ठीक करना मुश्किल हो जायेगा और यह सब कांग्रेस हाईकमान भी जानता है लेकिन इसके बाद भी कांग्रेस सड़कों पर सत्ता के विरोध में आंदोलन शुरू नहीं कर पा रही है आज उ.प्र. के साथ देश की जनता कांग्रेस की तरफ देख रही है उसके बाद भी कांग्रेस सड़कों पर दिखाई नहीं दे रही हैदोस्तो इसका प्रमुख कारण कांग्रेस ही है कांग्रेस नें कोंग्रेसियों की जगह दूसरी पार्टियों से आये नेताओं को कांग्रेस के प्रमुख पदों पर बिठा दिया और इन्होंने कांग्रेस की ओर देखना ही बन्द कर दियादोस्तो उ.प्र. देश का सबसे बड़ा प्रदेश है देश की जनता योगी सरकार से दुखी है लेकिन कांग्रेस क्या कर रही है उ.प्र. कांग्रेस अध्यक्ष और प्रभारी क्या कर रहे हैं उ.प्र. के जिला प्रभारी और अध्यक्ष क्या कर रहे हैं और कांग्रेस हाईकमान इनकी कार्य प्रणाली को क्यों नहीं देख रहादोस्तो अब कांग्रेस मोदी सरकार BJP RSS के विरुद्ध कांग्रेस का आंदोलन संभल कलेक्ट्रेट से ही शुरू होगा कांग्रेस के इस आंदोलन से पहले प्रत्येक माह की 25 तारीख को संभल कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन करके इस आंदोलन की त्यारी देश के शासन और प्रशासन को देते रहेंगेलेकिन इस प्रदर्शन में भी मौजूदा कांग्रेस पदाधिकारी शामिल नहीं होंगे क्योंकी यह कोंग्रेसी हैं ही नहींदोस्तो अब देश में मोदी सरकार BJP RSS के विरुद्ध संभल कलेक्ट्रेट से कांग्रेस का आंदोलन शुरू होगा चाहे कोई आये या नहीं आयेधन्यवादआपका अपना विनोद साथीजिला उपाध्यक्षसंभल कांग्रेस उ.प्र.जिला संयोजकठगी पीड़ित जमाकर्ता परिवारसंभल8791674785 9720026990 wजय हिन्द जय भारत जय कांग्रेस

दोस्तो कांग्रेस नें हमेशा देश की बात की है और देश की भ्रस्ट व्यवस्था के विरुद्ध सड़कों पर आंदोलन किया…

बर्तन के बदले तो नहीं बेच रहे पुराना फोन, इस्तार की गिरफ्तारी से खुला ‘मदरबोर्ड स्कैम’: जानें- कैसे साइबर अपराधियों का हथियार बन सकती है लापरवाही

बर्तनों के बदले पुराने फोन देकर हो रही साइबर ठगी (फोटो साभार : ChatGPT)जब आप अपना पुराना, टूटा या बेकार…

अमेरिका ने कहा है कि वो ईरान को पाषाण युग में पहुंचा देगा। इसके जवाब में ईरान ने कहा है कि वो 6000 साल पुरानी सभ्यता है, उसे 300 साल पुरानी सभ्यता वाले खत्म नहीं कर सकते। उसकी बात सही है लेकिन क्या सच में ईरान खुद को 6000 साल पुरानी संस्कृति मानता है। संकट के समय ईरानियों को संस्कृति और सभ्यता याद आ रही है लेकिन आम दिनों में ज्यादातर मुस्लिम देश इस्लाम के अलावा कुछ और देखने को तैयार नहीं होते। अगर सच में ईरान खुद को 6000 पुरानी सभ्यता से जोड़ता तो वो कभी भी इजराइल का दुश्मन नहीं बन सकता था। इस्लाम के उदय से हज़ार साल पहले एक ईरानी राजा ने यहूदियों को इजराइल में लाकर बसाया था क्योंकि उन्हें वहां से निकाल दिया गया था। उसने उन्हें सुरक्षा का वादा किया था। इस्लाम अपनाने के बाद यही ईरानी यहूदियों को खत्म करने की कोशिश में लग गए। ये लोग इजराइल को कोई देश ही नहीं मानते और यहूदियों के अस्तित्व से इंकार करते हैं। इनका मानना है कि यहूदियों को धरती पर रहने का कोई हक नहीं है। वैसे तो पूरा इस्लामी जगत मानता है कि मुसलमानों के अलावा किसी और को धरती पर रहने का हक नहीं है। अगर उन्हें रहना है तो इस्लाम अपनाना होगा, इसी सोच ने पूरी दुनिया में आग लगाई हुई है। आप मुसलमानों के साथ शांति से नहीं रह सकते क्योंकि वो इस्लाम अपनाने तक आपको इंसान नहीं मानते। अगर आप कुछ नहीं भी करते हैं तो भी वो आपको समाप्त करने की कोशिश में लगे रहते हैं। इंडोनेशिया बेशक एक इस्लामी देश है लेकिन वो खुद को एक पुरानी सभ्यता मानता है इसलिए उसे सनातन से कोई परेशानी नहीं है। इस्लाम अपनाने के बावजूद वो लोग सनातन संस्कृति का पालन कर रहे हैं। उनका मानना है कि हमने धर्म बदला है, संस्कृति नहीं बदली। इसके विपरीत पाकिस्तान, बांग्लादेश, अफगानिस्तान और ईरान जैसे देश अपनी संस्कृति भुला चुके हैं। ये लोग इस्लाम से पहले अपने अस्तित्व को नहीं मानते। ईरान के मूलनिवासी पारसी बेहद समझदार लोग हैं, लेकिन इस्लाम अपनाने के बाद कट्टरता ने इनको ऐसा बना दिया है। कुछ हज़ार की जनसंख्या वाले पारसियों ने भारत के निर्माण में बड़ा महत्वपूर्ण योगदान दिया है लेकिन अपने ही देश को आगे नहीं बढ़ा सके, क्योंकि इन्होंने इस्लाम अपना लिया है। आज ईरानी सत्ता अपना ज्यादातर धन हथियारों के निर्माण पर खर्च कर रही है क्योंकि उसे इजराइल को खत्म करना है। ईरानी सत्ता ने 4-5 बड़े-बड़े आतंकवादी संगठन खड़े कर दिए हैं, जो पूरी दुनिया के लिए परेशानी खड़ी कर रहे हैं। हमास, हिज़्बुल्लाह, हूती और इराकी शिया मिलीशिया सिर्फ इजराइल के दुश्मन नहीं है, ये उन सबके दुश्मन हैं, जो इस्लाम को नहीं मानते । ये उन मुसलमानों के भी दुश्मन हैं जो कट्टरता से दूर हो रहे हैं। यही कारण है कि ये अरब देशों को बर्बाद करने की कोशिश कर रहे हैं।आप इजराइल और अमेरिका का समर्थन न करें, कोई बात नहीं, लेकिन ये देश दुनिया को बचाने की जंग लड़ रहे हैं। अमेरिका बेहद स्वार्थी देश है, लेकिन मूर्ख नहीं है। सबको मुसलमान बनाने की कोशिश सबसे बड़ी मूर्खता है, इस मूर्खता को अरब देश छोड़ चुके हैं, लेकिन ईरान अभी भी इस काम में लगा हुआ है। हमारे देश के मुस्लिम ईरान के समर्थन में अपने बर्तन तक बेच रहे हैं ताकि उसको धन दिया जा सके, ये लोग ये काम अपने देश के लिए नहीं कर सकते। इसी सोच और विचारधारा से सारी दुनिया को खतरा है, इस पर विचार करने की जरूरत है।

https://kesharidarpan.com/?p=3239

अमेरिका ने कहा है कि वो ईरान को पाषाण युग में पहुंचा देगा। इसके जवाब में ईरान ने कहा है कि वो 6000 साल पुरानी सभ्यता है, उसे 300 साल पुरानी सभ्यता वाले खत्म नहीं कर सकते। उसकी बात सही है लेकिन क्या सच में ईरान खुद को 6000 साल पुरानी संस्कृति मानता है। संकट के समय ईरानियों को संस्कृति और सभ्यता याद आ रही है लेकिन आम दिनों में ज्यादातर मुस्लिम देश इस्लाम के अलावा कुछ और देखने को तैयार नहीं होते। अगर सच में ईरान खुद को 6000 पुरानी सभ्यता से जोड़ता तो वो कभी भी इजराइल का दुश्मन नहीं बन सकता था। इस्लाम के उदय से हज़ार साल पहले एक ईरानी राजा ने यहूदियों को इजराइल में लाकर बसाया था क्योंकि उन्हें वहां से निकाल दिया गया था। उसने उन्हें सुरक्षा का वादा किया था। इस्लाम अपनाने के बाद यही ईरानी यहूदियों को खत्म करने की कोशिश में लग गए। ये लोग इजराइल को कोई देश ही नहीं मानते और यहूदियों के अस्तित्व से इंकार करते हैं। इनका मानना है कि यहूदियों को धरती पर रहने का कोई हक नहीं है। वैसे तो पूरा इस्लामी जगत मानता है कि मुसलमानों के अलावा किसी और को धरती पर रहने का हक नहीं है। अगर उन्हें रहना है तो इस्लाम अपनाना होगा, इसी सोच ने पूरी दुनिया में आग लगाई हुई है। आप मुसलमानों के साथ शांति से नहीं रह सकते क्योंकि वो इस्लाम अपनाने तक आपको इंसान नहीं मानते। अगर आप कुछ नहीं भी करते हैं तो भी वो आपको समाप्त करने की कोशिश में लगे रहते हैं। इंडोनेशिया बेशक एक इस्लामी देश है लेकिन वो खुद को एक पुरानी सभ्यता मानता है इसलिए उसे सनातन से कोई परेशानी नहीं है। इस्लाम अपनाने के बावजूद वो लोग सनातन संस्कृति का पालन कर रहे हैं। उनका मानना है कि हमने धर्म बदला है, संस्कृति नहीं बदली। इसके विपरीत पाकिस्तान, बांग्लादेश, अफगानिस्तान और ईरान जैसे देश अपनी संस्कृति भुला चुके हैं। ये लोग इस्लाम से पहले अपने अस्तित्व को नहीं मानते। ईरान के मूलनिवासी पारसी बेहद समझदार लोग हैं, लेकिन इस्लाम अपनाने के बाद कट्टरता ने इनको ऐसा बना दिया है। कुछ हज़ार की जनसंख्या वाले पारसियों ने भारत के निर्माण में बड़ा महत्वपूर्ण योगदान दिया है लेकिन अपने ही देश को आगे नहीं बढ़ा सके, क्योंकि इन्होंने इस्लाम अपना लिया है। आज ईरानी सत्ता अपना ज्यादातर धन हथियारों के निर्माण पर खर्च कर रही है क्योंकि उसे इजराइल को खत्म करना है। ईरानी सत्ता ने 4-5 बड़े-बड़े आतंकवादी संगठन खड़े कर दिए हैं, जो पूरी दुनिया के लिए परेशानी खड़ी कर रहे हैं। हमास, हिज़्बुल्लाह, हूती और इराकी शिया मिलीशिया सिर्फ इजराइल के दुश्मन नहीं है, ये उन सबके दुश्मन हैं, जो इस्लाम को नहीं मानते । ये उन मुसलमानों के भी दुश्मन हैं जो कट्टरता से दूर हो रहे हैं। यही कारण है कि ये अरब देशों को बर्बाद करने की कोशिश कर रहे हैं।आप इजराइल और अमेरिका का समर्थन न करें, कोई बात नहीं, लेकिन ये देश दुनिया को बचाने की जंग लड़ रहे हैं। अमेरिका बेहद स्वार्थी देश है, लेकिन मूर्ख नहीं है। सबको मुसलमान बनाने की कोशिश सबसे बड़ी मूर्खता है, इस मूर्खता को अरब देश छोड़ चुके हैं, लेकिन ईरान अभी भी इस काम में लगा हुआ है। हमारे देश के मुस्लिम ईरान के समर्थन में अपने बर्तन तक बेच रहे हैं ताकि उसको धन दिया जा सके, ये लोग ये काम अपने देश के लिए नहीं कर सकते। इसी सोच और विचारधारा से सारी दुनिया को खतरा है, इस पर विचार करने की जरूरत है।

अमेरिका ने कहा है कि वो ईरान को पाषाण युग में पहुंचा देगा। इसके जवाब में ईरान ने कहा है…

थाना भवन जनपद शामलीभगवान महर्षि कश्यप जयंती समारोह में निकाली गई शोभायात्रा गांव लतीफगढ़

शोभायात्रा का शुभारंभ इर्शाद कारी थाना भवन देहात ग्राम पंचायत मशावी द्वारा 5100 रूपए देकर किया गया शोभायात्रा का शुभारंभ…

कांग्रेस के पिछड़ा अल्पसंख्यक भाईचारा सम्मेलन में पहुंचे पार्टी के राष्ट्रीय व प्रदेश स्तरीय नेतागण••पूर्व सांसद राशिद अल्वी ने किया उद्घोष,”देश हम सबका”, जिसमें ह से हिन्दू व म से मुसलमान तथा स सिख आदि सभी

बागपत/बड़ौत/थल 5 अप्रैल 2026 कांग्रेस पिछड़ा अल्पसंख्यक भाईचारा सम्मेलन में जनपद के युवा व वरिष्ठ कांग्रेसियों की आशा से अधिक…

नई दिल्ली: ICICI बैंक की 9 ब्रांच को गोल्ड दिया, 23 करोड़ का लोन लिया, अब 2 साल बाद सोना नकली निकला

02 अप्रैल गुरुवार 2026-27 नई दिल्ली: ICICI बैंक में गजब का घोटाला हुआ है. ऐसा घोटाला जिसको जानकर ठगों की…

You missed

दोस्तो कांग्रेस नें हमेशा देश की बात की है और देश की भ्रस्ट व्यवस्था के विरुद्ध सड़कों पर आंदोलन किया है लेकिन आज कांग्रेस को क्या हो गया है आज BJP RSS खुलेआम देश में हिन्दू मुलमान के नाम पर राजनीती कर रही है योगीजी के फोटो डाल कर बताया जा रहा है कि उ.प्र. बिधानसभा चुनावोंम में BJP को मुस्लिम यादव और दलितों के बोट नहीं चाहिए उसके बाद भी इस बार BJP की सरकार ही बनेगी क्योंकी देश का चुनाव आयोग BJP के इशारों पर कार्य कर रहा है प. बंगाल इसका सबसे अच्छा उदाहरण है बंगाल की मुख्यमंत्री देश की जनता और सुप्रीम कोर्ट को सबूतों को दिखा कर बता रहीं हैं कि किस प्रकार से बंगालीयों के बोटों को काटा जा रहा है और किस प्रकार से फार्म 6 का प्रयोग करके बोटों को बनाया जा रहा है क्या यह सब सुप्रीम कोर्ट और देश की राष्ट्रपति महोदया को दिखाई नहीं दे रहादोस्तो अब बताया जा रहा है कि BJP में इतने कोंग्रेसी आ चुके हैं अगर यह सभी फिर से कांग्रेस में चले गए तो देश BJP मुक्त देश हो जायेगा अब हम कोंग्रेसियों को इसी सोच को बदलना हैदोस्तो आज BJP नें देश की व्यवस्था को इतना बदतर बना दिया है अगर देश इसी प्रकार से मोदी जी का शेष बचा हुआ कार्यकाल पूरा करता है तो देश की व्यवस्था इतनी बदतर हो जाएगी कि उसको ठीक करना मुश्किल हो जायेगा और यह सब कांग्रेस हाईकमान भी जानता है लेकिन इसके बाद भी कांग्रेस सड़कों पर सत्ता के विरोध में आंदोलन शुरू नहीं कर पा रही है आज उ.प्र. के साथ देश की जनता कांग्रेस की तरफ देख रही है उसके बाद भी कांग्रेस सड़कों पर दिखाई नहीं दे रही हैदोस्तो इसका प्रमुख कारण कांग्रेस ही है कांग्रेस नें कोंग्रेसियों की जगह दूसरी पार्टियों से आये नेताओं को कांग्रेस के प्रमुख पदों पर बिठा दिया और इन्होंने कांग्रेस की ओर देखना ही बन्द कर दियादोस्तो उ.प्र. देश का सबसे बड़ा प्रदेश है देश की जनता योगी सरकार से दुखी है लेकिन कांग्रेस क्या कर रही है उ.प्र. कांग्रेस अध्यक्ष और प्रभारी क्या कर रहे हैं उ.प्र. के जिला प्रभारी और अध्यक्ष क्या कर रहे हैं और कांग्रेस हाईकमान इनकी कार्य प्रणाली को क्यों नहीं देख रहादोस्तो अब कांग्रेस मोदी सरकार BJP RSS के विरुद्ध कांग्रेस का आंदोलन संभल कलेक्ट्रेट से ही शुरू होगा कांग्रेस के इस आंदोलन से पहले प्रत्येक माह की 25 तारीख को संभल कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन करके इस आंदोलन की त्यारी देश के शासन और प्रशासन को देते रहेंगेलेकिन इस प्रदर्शन में भी मौजूदा कांग्रेस पदाधिकारी शामिल नहीं होंगे क्योंकी यह कोंग्रेसी हैं ही नहींदोस्तो अब देश में मोदी सरकार BJP RSS के विरुद्ध संभल कलेक्ट्रेट से कांग्रेस का आंदोलन शुरू होगा चाहे कोई आये या नहीं आयेधन्यवादआपका अपना विनोद साथीजिला उपाध्यक्षसंभल कांग्रेस उ.प्र.जिला संयोजकठगी पीड़ित जमाकर्ता परिवारसंभल8791674785 9720026990 wजय हिन्द जय भारत जय कांग्रेस

अमेरिका ने कहा है कि वो ईरान को पाषाण युग में पहुंचा देगा। इसके जवाब में ईरान ने कहा है कि वो 6000 साल पुरानी सभ्यता है, उसे 300 साल पुरानी सभ्यता वाले खत्म नहीं कर सकते। उसकी बात सही है लेकिन क्या सच में ईरान खुद को 6000 साल पुरानी संस्कृति मानता है। संकट के समय ईरानियों को संस्कृति और सभ्यता याद आ रही है लेकिन आम दिनों में ज्यादातर मुस्लिम देश इस्लाम के अलावा कुछ और देखने को तैयार नहीं होते। अगर सच में ईरान खुद को 6000 पुरानी सभ्यता से जोड़ता तो वो कभी भी इजराइल का दुश्मन नहीं बन सकता था। इस्लाम के उदय से हज़ार साल पहले एक ईरानी राजा ने यहूदियों को इजराइल में लाकर बसाया था क्योंकि उन्हें वहां से निकाल दिया गया था। उसने उन्हें सुरक्षा का वादा किया था। इस्लाम अपनाने के बाद यही ईरानी यहूदियों को खत्म करने की कोशिश में लग गए। ये लोग इजराइल को कोई देश ही नहीं मानते और यहूदियों के अस्तित्व से इंकार करते हैं। इनका मानना है कि यहूदियों को धरती पर रहने का कोई हक नहीं है। वैसे तो पूरा इस्लामी जगत मानता है कि मुसलमानों के अलावा किसी और को धरती पर रहने का हक नहीं है। अगर उन्हें रहना है तो इस्लाम अपनाना होगा, इसी सोच ने पूरी दुनिया में आग लगाई हुई है। आप मुसलमानों के साथ शांति से नहीं रह सकते क्योंकि वो इस्लाम अपनाने तक आपको इंसान नहीं मानते। अगर आप कुछ नहीं भी करते हैं तो भी वो आपको समाप्त करने की कोशिश में लगे रहते हैं। इंडोनेशिया बेशक एक इस्लामी देश है लेकिन वो खुद को एक पुरानी सभ्यता मानता है इसलिए उसे सनातन से कोई परेशानी नहीं है। इस्लाम अपनाने के बावजूद वो लोग सनातन संस्कृति का पालन कर रहे हैं। उनका मानना है कि हमने धर्म बदला है, संस्कृति नहीं बदली। इसके विपरीत पाकिस्तान, बांग्लादेश, अफगानिस्तान और ईरान जैसे देश अपनी संस्कृति भुला चुके हैं। ये लोग इस्लाम से पहले अपने अस्तित्व को नहीं मानते। ईरान के मूलनिवासी पारसी बेहद समझदार लोग हैं, लेकिन इस्लाम अपनाने के बाद कट्टरता ने इनको ऐसा बना दिया है। कुछ हज़ार की जनसंख्या वाले पारसियों ने भारत के निर्माण में बड़ा महत्वपूर्ण योगदान दिया है लेकिन अपने ही देश को आगे नहीं बढ़ा सके, क्योंकि इन्होंने इस्लाम अपना लिया है। आज ईरानी सत्ता अपना ज्यादातर धन हथियारों के निर्माण पर खर्च कर रही है क्योंकि उसे इजराइल को खत्म करना है। ईरानी सत्ता ने 4-5 बड़े-बड़े आतंकवादी संगठन खड़े कर दिए हैं, जो पूरी दुनिया के लिए परेशानी खड़ी कर रहे हैं। हमास, हिज़्बुल्लाह, हूती और इराकी शिया मिलीशिया सिर्फ इजराइल के दुश्मन नहीं है, ये उन सबके दुश्मन हैं, जो इस्लाम को नहीं मानते । ये उन मुसलमानों के भी दुश्मन हैं जो कट्टरता से दूर हो रहे हैं। यही कारण है कि ये अरब देशों को बर्बाद करने की कोशिश कर रहे हैं।आप इजराइल और अमेरिका का समर्थन न करें, कोई बात नहीं, लेकिन ये देश दुनिया को बचाने की जंग लड़ रहे हैं। अमेरिका बेहद स्वार्थी देश है, लेकिन मूर्ख नहीं है। सबको मुसलमान बनाने की कोशिश सबसे बड़ी मूर्खता है, इस मूर्खता को अरब देश छोड़ चुके हैं, लेकिन ईरान अभी भी इस काम में लगा हुआ है। हमारे देश के मुस्लिम ईरान के समर्थन में अपने बर्तन तक बेच रहे हैं ताकि उसको धन दिया जा सके, ये लोग ये काम अपने देश के लिए नहीं कर सकते। इसी सोच और विचारधारा से सारी दुनिया को खतरा है, इस पर विचार करने की जरूरत है।

×