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आस्था को मिला टेक्नोलॉजी का साथ: शून्य लागत में बना एप, लाखों श्रद्धालुओं की यात्रा होगी आसान और सुरक्षित

डिजिटल बना पुरा महादेव मेला– कंट्रोल रूम से मेडिकल सेवा तक सभी एक लिंक पर जुड़े

क्यूआर कोड आधारित कांवड़ यात्रा एप बनेगा श्रद्धालुओं का ‘सारथी’, बागपत में हुआ लॉन्च

बागपत, 12 फरवरी 2026। देश के सर्वश्रेष्ठ पर्यटन गांव में शामिल गांव पुरा के ऐतिहासिक श्री परशुरामेश्वर महादेव मंदिर पुरा महादेव में आयोजित होने वाला फाल्गुनी महाशिवरात्रि मेला इस बार आस्था के साथ-साथ डिजिटल तकनीक का भी अनूठा संगम बनने जा रहा है। मेला क्षेत्र और कांवड़ यात्रा को पूरी तरह डिजिटल रूप से जोड़ते हुए जिलाधिकारी अस्मिता लाल के निर्देशन में सूचना विभाग ने क्यूआर कोड आधारित “कांवड़ यात्रा एप” तैयार किया है। इस एप के माध्यम से श्रद्धालुओं को एक क्लिक पर कंट्रोल रूम, मेडिकल सहायता, ट्रैफिक व्यवस्था, पार्किंग, पेयजल, भंडारा, शौचालय और मंदिर परिसर के डिजिटल नक्शे सहित तमाम जरूरी सुविधाओं की जानकारी मिल सकेगी।

इस अभिनव पहल की सबसे खास बात यह है कि इसे पूरी तरह शून्य लागत में तैयार किया गया है। आईसीटी (सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी) टूल्स का उपयोग करते हुए इस एप को मात्र 24 घंटे के रिकॉर्ड समय में विकसित किया गया। हर वर्ष फाल्गुनी महाशिवरात्रि के अवसर पर पुरा महादेव मंदिर में लाखों श्रद्धालु जलाभिषेक करने पहुंचते हैं। उत्तर प्रदेश ही नहीं बल्कि हरियाणा, दिल्ली, उत्तराखंड और अन्य राज्यों से भी बड़ी संख्या में कांवड़ यात्री इस मार्ग से गुजरते हैं। इतनी बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के आगमन को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने डिजिटल तकनीक अपनाई है ताकि श्रद्धालुओं को असुविधा न हो और उन्हें सभी जरूरी जानकारी एक ही प्लेटफॉर्म पर मिल सके।

अब श्रद्धालु अपने मोबाइल फोन से केवल क्यूआर कोड स्कैन कर या लिंक linktr.ee/KanwarYatra2025 पर विजिट कर पूरे मेला क्षेत्र और कांवड़ मार्ग की जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। इससे उन्हें यात्रा की योजना बनाने में भी आसानी होगी और वे पहले से जान सकेंगे कि किस स्थान पर कौन-सी सुविधा उपलब्ध है। कांवड़ यात्रा एप की सबसे महत्वपूर्ण विशेषता यह है कि श्रद्धालु सीधे कंट्रोल रूम से जुड़ सकेंगे। किसी भी आपात स्थिति जैसे स्वास्थ्य समस्या, दुर्घटना, रास्ता भटकने या अन्य परेशानी की स्थिति में श्रद्धालु तुरंत सहायता के लिए संपर्क कर सकेंगे। इससे जरूरतमंदों को समय पर सहायता मिल सकेगी।

इसके साथ ही एप में शिकायत दर्ज करने की भी सुविधा दी गई है। यदि किसी श्रद्धालु को खाद्य सामग्री की गुणवत्ता, सफाई या अन्य व्यवस्था से संबंधित कोई समस्या होती है तो वह सीधे एप के माध्यम से संपर्क कर सूचित कर सकता है जिस पर खाद्य सुरक्षा विभाग कार्रवाई करेगा। कांवड़ यात्रा के दौरान जनपद में कई स्थानों पर यातायात पुलिस द्वारा ट्रैफिक डायवर्जन लागू किया जाता है ताकि श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके और यातायात सुचारू रूप से चलता रहे। एप में ट्रैफिक डायवर्जन से संबंधित पूरी जानकारी दी गई है, जिससे वाहन चालकों और आम नागरिकों को वैकल्पिक मार्गों की जानकारी मिल सकेगी।

इससे जहां एक ओर कांवड़ यात्रियों की सुरक्षा बढ़ेगी, वहीं दूसरी ओर आम जनता को भी अनावश्यक जाम और परेशानी से राहत मिलेगी। एप में परशुरामेश्वर महादेव मंदिर परिसर और कांवड़ यात्रा मार्ग का डिजिटल मैप भी जोड़ा गया है। इस मैप के माध्यम से श्रद्धालु आसानी से देख सकेंगे कि पेयजल केंद्र, भंडारा स्थल, पार्किंग, मोबाइल टॉयलेट, अस्थाई बस अड्डे और अन्य सुविधाएं कहां-कहां स्थित हैं। इसके अलावा मेडिकल सुविधाओं की लोकेशन भी एप में उपलब्ध है, जिससे जरूरत पड़ने पर श्रद्धालु तुरंत नजदीकी चिकित्सा केंद्र तक पहुंच सकेंगे। यह सुविधा विशेष रूप से बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों के लिए अत्यंत उपयोगी साबित होगी।

कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए प्रशासन द्वारा कई मेडिकल कैंप स्थापित किए जाते हैं जिनकी लोकेशन भी जोड़ी गई है। साथ ही सार्वजनिक शौचालयों की जानकारी भी एप में उपलब्ध है। एप में प्रशासन के आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से जुड़ने का विकल्प भी दिया गया है। इससे श्रद्धालुओं को मेला और कांवड़ यात्रा से संबंधित सभी महत्वपूर्ण सूचनाएं और अपडेट समय-समय पर मिलते रहेंगे।

जिला सूचना अधिकारी राहुल भाटी ने बताया कि कांवड़ यात्रा एप को वर्ष 2022 में पहली बार विकसित किया गया था, जिससे करीब साढ़े तीन लाख श्रद्धालुओं को सुविधा मिली थी। स्टेट यूथ अवॉर्डी एवं सूचना मित्र स्वयंसेवक अमन कुमार के स्वैच्छिक सहयोग से यह डिजिटल समाधान विकसित किया गया है।

इस वर्ष जनपद की प्रवेश सीमाओं, कांवड़ यात्रा मार्ग और पुरा महादेव मंदिर परिसर सहित विभिन्न महत्वपूर्ण स्थानों पर क्यूआर कोड लगाए गए हैं। कांवड़ यात्रा और महाशिवरात्रि मेले को सकुशल और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए प्रशासन द्वारा व्यापक तैयारियां की जा रही हैं। पुलिस, स्वास्थ्य विभाग, नगर पालिका और अन्य संबंधित विभागों को जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।

प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे कांवड़ यात्रा के दौरान इस एप का अधिक से अधिक उपयोग करें। इससे उन्हें सभी जरूरी जानकारी समय पर मिलेगी और यात्रा अधिक सुरक्षित और सुविधाजनक बनेगी। फाल्गुनी महाशिवरात्रि के इस पावन अवसर पर आस्था और तकनीक का यह संगम बागपत जनपद को पूरे प्रदेश में ई-गवर्नेंस एवं नवाचार क्षेत्र में नई पहचान भी दिलाएगा।

कांवड़ यात्रा एप: linktr.ee/KanwarYatra2026

सूचना विभाग बागपत

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