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शिक्षा के साथ मानसिक संतुलन और आंतरिक शांति भी आवश्यक, हार्टफुलनेस प्रशिक्षक ने विद्यार्थियों को कराया ध्यान अभ्यास

बागपत, 30 अगस्त 2025 — आज के प्रतिस्पर्धी दौर में मानसिक संतुलन और आंतरिक शांति उतनी ही आवश्यक है जितनी कि शैक्षणिक उपलब्धि। इसी उद्देश्य से शनिवार को राजकीय हाईस्कूल अहैड़ा में हार्टफुलनेस संस्था की ओर से हेल्प कार्यक्रम के अंतर्गत ध्यान सत्र का आयोजन किया गया।

इस अवसर पर प्रशिक्षक योगेंद्र कुशवाहा ने छात्र-छात्राओं को ध्यान अभ्यास कराया और जीवन में ध्यान के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि ध्यान केवल साधना भर नहीं, बल्कि यह जीवन की दिशा और दशा को सकारात्मक बनाने का सशक्त साधन है। विशेषकर परीक्षा के तनाव, प्रतिस्पर्धा की चुनौतियों और आधुनिक जीवन के दबावों से जूझ रहे किशोरों के लिए यह अभ्यास आत्मविश्वास और धैर्य का आधार बन सकता है।

सत्र के दौरान लक्ष्य एवं आकांक्षाएं विषय पर सार्थक चर्चा हुई, जिसमें विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। भारती, मिंटो, केशव, सौरभ, इशान्त, रजत, सुहाना, सोफिया, गुलशन, विवेक, दीपांशु, अंकित, वैभव, कंचन, सावन और अभिषेक सहित अनेक छात्र-छात्राओं ने अपनी जिज्ञासाएँ प्रकट कीं और ध्यान एवं जीवन प्रबंधन से जुड़े प्रश्न पूछे। प्रशिक्षक ने सभी सवालों का उत्तर देते हुए यह संदेश दिया कि सही दृष्टिकोण और मन की स्थिरता से हर चुनौती का समाधान संभव है।

इसके अतिरिक्त विद्यार्थियों को हार्टफुलनेस संस्था द्वारा आयोजित वार्षिक निबंध प्रतियोगिता की जानकारी दी गई और इसमें सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित किया गया। हार्टफुलनेस की वेबसाइट पर निबंध प्रतियोगिता में ऑनलाइन शामिल हो सकते है। जिलेभर में संस्था के प्रशिक्षक नि:शुल्क ध्यान अभ्यास करा रहे हैं, ताकि अधिक से अधिक युवाओं को इसका लाभ मिल सके।

विद्यालय के प्रधानाचार्य राम निवास ने इस पहल की प्रशंसा करते हुए कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास और सकारात्मक जीवन दृष्टिकोण के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने संस्था और प्रशिक्षक के प्रति आभार व्यक्त किया तथा विद्यार्थियों से नियमित ध्यान करने की अपील की। इस अवसर पर विद्यालय की शिक्षिकाएं भी मौजूद रहीं और बच्चों को ध्यान को जीवन का हिस्सा बनाने के लिए प्रेरित किया।

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