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हर नागरिक का विचार बनेगा उत्तर प्रदेश के विकास का आधार, अपने सुझाव भेजे

हर परिवार दे सुझाव, नागरिकों संग विकसित बनने की ओर आगे बढ़ रहा उत्तर प्रदेश @2047

बागपत 14 नवंबर2025 — वर्ष 2047 तक उत्तर प्रदेश को विकसित राज्यों की श्रेणी में लाने के लक्ष्य के साथ प्रदेश सरकार द्वारा संचालित ‘समर्थ उत्तर प्रदेश–विकसित उत्तर प्रदेश @2047’ अभियान अब एक निर्णायक चरण में प्रवेश कर चुका है। नागरिकों से प्राप्त कई लाखों सुझावों में से श्रेष्ठ सुझावों के चयन की प्रक्रिया जनपद स्तर पर प्रारंभ हो गई है। चयनित सुझावों को राज्य स्तर तक भेजा जाएगा और यह सुझाव देने वाले जागरूक नागरिकों को सम्मानित भी किया जाएगा।

विकसित यूपी समर्थ यूपी @2047 अभियान के अंतर्गत प्रदेशभर के नागरिकों से अर्थशक्ति, सृजनशक्ति और जीवनशक्ति के तीन स्तंभों के तहत 12 प्रमुख सेक्टरों से संबंधित विचार आमंत्रित किए गए हैं—कृषि एवं संबद्ध क्षेत्र, पशुधन संरक्षण, औद्योगिक विकास, आईटी प्रौद्योगिकी, पर्यटन, नगर एवं ग्राम्य विकास, अवस्थापना, संतुलित विकास, समाज कल्याण, स्वास्थ्य, शिक्षा तथा सुरक्षा एवं सुशासन। अब तक जनपद बागपत से बड़ी संख्या में सुझाव प्राप्त हुए हैं, जो प्रदेश के भविष्य की दिशा को परिभाषित कर रहे हैं। इनमें युवाओं, महिलाओं, किसानों, उद्यमियों, शिक्षाविदों एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं ने बढ़-चढ़कर भागीदारी की है।

सूचना विभाग बागपत द्वारा जिलेभर में विभिन्न स्थानों पर प्रमुखता के साथ बैनर होर्डिंग स्टैंडी आदि प्रदर्शित कर अभियान का व्यापक प्रचार प्रसार किया गया जिसके माध्यम से क्यूआर कोड स्कैन कर जिलेभर के नागरिक सुझाव दे रहे है।

बागपत के युवाओं ने सुझाव दिया कि ग्राम पंचायत स्तर पर शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता और खेल जैसे क्षेत्रों में युवाओं की समितियां गठित की जाएं। इन समितियों में सक्रिय युवाओं को इंटर्नशिप प्रमाणपत्र या अनुभव पत्र देकर उन्हें प्रोत्साहित किया जाए, जिससे वे समाजसेवा के साथ-साथ कैरियर और उच्च शिक्षा में भी आगे बढ़ सकें। यह न केवल युवाओं में जिम्मेदारी की भावना जगाएगा बल्कि उन्हें नशा, अपराध और बेरोजगारी जैसी सामाजिक चुनौतियों से दूर रखेगा। वहीं ग्रामीणों ने सुझाव दिए कि हमारा गांव कैसा हो थीम पर प्रत्येक माह ग्राम पंचायत के लिए एक्शन प्लान बनाकर कार्य हो जिसमें ग्रामीणों की भी सहभागिता हो। महिलाओं ने सुझाव दिया है कि स्वयं सहायता समूहों को शासन-प्रशासन द्वारा अधिकाधिक कार्य सौंपे जाएं और सरकारी विभागों में उपयोग होने वाली वस्तुओं का उत्पादन एवं आपूर्ति इन्हीं समूहों के माध्यम से की जाए।

किसानों ने सुझाव दिया है कि कृषि क्षेत्र को आधुनिक तकनीक, ड्रोन सर्वेक्षण, डिजिटल मार्केटिंग और योजनाओं के सीधे लाभ से जोड़ा जाए, जिससे उत्पादन और आय दोनों में वृद्धि हो सके। वहीं उद्यमियों ने बागपत में औद्योगिक क्लस्टर विकसित करने, स्थानीय उत्पादों को ‘मेड इन बागपत’ ब्रांड के रूप में पहचान दिलाने और रोजगार के नए अवसर सृजित करने पर बल दिया है। कई नागरिकों ने यह भी सुझाव दिया है कि प्रधानमंत्री की “मन की बात” की तर्ज पर इसका एक स्थानीय संस्करण “बागपत की बात” शुरू किया जाए, जिससे जनता और प्रशासन के बीच सीधा संवाद कायम हो सके।

अभियान के तहत प्राप्त सभी सुझावों की समीक्षा की जा रही है। जिला प्रशासन ने प्रत्येक सेक्टर में सर्वश्रेष्ठ सुझावों का चयन प्रारंभ किया है। ये सुझाव नियोजन विभाग, लखनऊ को भेजे जाएंगे, जो इन्हें ‘विजन डॉक्यूमेंट–उत्तर प्रदेश @2047’ में प्रमुखता से सम्मिलित करेगा। यह विजन डॉक्यूमेंट राज्य की दीर्घकालिक नीतियों की दिशा तय करेगा और आने वाले वर्षों में उत्तर प्रदेश को विकसित प्रदेशों की श्रेणी में शामिल करने का रोडमैप बनेगा।

जिलाधिकारी अस्मिता लाल ने नागरिकों से आह्वान किया कि प्रत्येक परिवार से एक सुझाव अवश्य आए। उन्होंने कहा कि यही सामूहिक सोच हमारे जनपद बागपत और पूरे प्रदेश के विकास की आधारशिला बनेगी। उन्होंने बताया कि नागरिक अपने सुझाव समर्थ उत्तर प्रदेश पोर्टल (samarthuttarpradesh.up.gov.in) पर आज 15 नवम्बर तक ऑनलाइन भेज सकते हैं। यह पोर्टल मोबाइल और कंप्यूटर दोनों पर आसानी से सुलभ है, साथ ही QR कोड स्कैन कर भी सुझाव साझा किए जा सकते हैं।

प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे इस अभियान को अपने अधिक से अधिक लोगों तक पहुँचाएं और प्रदेश निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने पोर्टल की प्रक्रिया को समझाते हुए बताया कि कोई भी नागरिक आसानी से अपनी राय दर्ज कर सकता है, जिससे प्रशासन को नीति निर्धारण में वास्तविक आवश्यकताओं की जानकारी मिलेगी।

सूचना विभाग बागपत

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