दोस्तो शिक्षक दिवस के शुभ अवसर पर देश की जनता को हार्दिक शुभकामनायेंदोस्तो क्या अब देश की जनता को शिक्षित होंने की आवश्यकता नहीं है क्योंकी जब हम शिक्षित होंगे तो देश की सत्ता के लिए योग्य शासकों का चयन करेंगे जिससे देश का प्रशासन संविधान के अनुसार कार्य करेलेकिन आज तो समझ में नहीं आता हमारे शासक और प्रशासन किस प्रकार से कार्य कर रहे हैं क्या इन्हें हमारे संविधान की जानकारी है भी लेकिन इनकी कार्यप्रणाली को देखकर लगता है इन्होंने संविधान को एक तरफ रख दिया है किसी को भी हमारे संविधान की चिंता ही नहीं हैदिल्ली में पिछले दिनों हमारे बच्चों नें प्रदर्शन किया और कई दिन पहले ही बता दिया था अगर हमारी मांगों को नहीं माना गया तो हम संसद की ओर कूच करेंगेकायदे में तो देश के शासकों को बच्चों की मांगों को प्रदर्शन स्थल पर जाकर मान लेना चाहिए था लेकिन हमारे शासकों और पुलिस नें सोच लिया था कि इस बार देश के बच्चों को ऐसा सबक सिखाना है कि कोई भी शासकों के खिलाफ आबाज न उठा सके इसके लिए दिल्ली पुलिस तो त्यार हो गई लेकिन शासकों नें पुलिस के साथ सेकड़ों की संख्या में अपराधियों को भी खड़ा कर दिया उसके बाद बच्चों का और बच्चों के साथ आये अभिभावकों का खुल कर दमन किया गया लाठी चार्ज पानी की बौछार तो की लेकिन पैलेट गन का प्रयोग भी किया गयापैलेट गन से बुरी तरह घायल की रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए संसद के विपक्ष के नेता को 7 घंटे थाने के बाहर धरने पर बैठना पड़ास्वतंत्र भारद्वाज जैसे अपराधी नें तो सार्वजनिक रूप से घोषड़ा करी कि उसके छात्रा के पिता को जान से मारने के लिए हमला किया लेकिन उसके सिर में 7 टांके आये इस अपराधी नें धमकी दी कि दिल्ली पुलिस उसका कुछ नहीं कर सकती क्योंकी उसके संबंध शासकों से हैंपीड़ित की रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए कगप और विपक्ष के सांसदों को बच्चों के साथ प्रदर्शन करना पड़ा संसद के विपक्ष के नेता को व्यान जारी करना पड़ा उसके बाद उस अपराधी को पुलिस नें पकड़ाकायदे में तो उस अपराधी के फोन को चैक करना चाहिए और जिन नेताओं के न. फोन में हों जिन नेताओं के साथ फोटो हों उनको तुरंत गिरफ्तार करना चाहिएदोस्तो आज देश के शासकों को सत्ता से बाहर करने के लिए देश के प्रशासन को संवेधानिक तरीके से कार्य करने के लिए देश में एक आंदोलन की आवश्यकता है और इसकी शुरुआत उ.प्र. के संभल कलेक्ट्रेट पर हो चुकी है इस समय देश के भ्रस्ट सिस्टम के विरुद्ध संभल कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन प्रत्येक सोमवार को होता है आने बाले समय में यह प्रदर्शन देश के शासकों के विरुद्ध आंदोलन में बदलेगाधन्यवादआपका अपना विनोद साथीजिला उपाध्यक्षसंभल कांग्रेस8791674785 9720026990 wजय हिन्द जय भारत जय कांग्रेस

दोस्तो शिक्षक दिवस के शुभ अवसर पर देश की जनता को हार्दिक शुभकामनायेंदोस्तो क्या अब देश की जनता को शिक्षित होंने की आवश्यकता नहीं है क्योंकी जब हम शिक्षित होंगे…

📚 शिक्षक दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं 📚

शिक्षक केवल ज्ञान देने का कार्य नहीं करते, बल्कि वे हमारे जीवन को सही दिशा दिखाकर एक बेहतर समाज और सशक्त राष्ट्र की नींव रखते हैं। #भारत के महान शिक्षाविद…

बालाघाट, मध्य प्रदेश में 30 आदिवासी बच्चों की मृत्यु की खबर बेहद चिंताजनक और पीड़ादायक है।

इस घातक बीमारी के साथ पीने के पानी, पोषण, और समय पर इलाज जैसी बुनियादी सुविधाओं का अभाव बच्चों की जान ले रहा है। ये सरकार की पूर्ण विफलता है।…

पुलिस वालों की ना दोस्ती अच्छी ना Dushmani दुश्मनी, अंकित बालिया बालियान हत्याकांड में नया मोड़: एनकाउंटर में मारे गए सुमित के पिता ने पुलिस पर उठाए गंभीर सवालहरियाणवी सिंगर और यूट्यूबर अंकित बालियान हत्याकांड में दो कथित शूटरों मोहित और सुमित के एनकाउंटर के बाद अब सुमित के परिवार ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल खड़े किए हैं।आजतक की रिपोर्ट के मुताबिक, सुमित के पिता धर्मपाल ने कहा कि उनका बेटा करीब ढाई महीने पहले मोहित के संपर्क में आया था। परिवार का कहना है कि इससे पहले सुमित सामान्य जीवन जी रहा था और पिता के साथ मजदूरी करता था। 12वीं की एक परीक्षा पास नहीं होने के बाद वह पिता के साथ काम करने लगा था।परिवार के मुताबिक, मोहित का सुमित के घर आना-जाना शुरू हुआ और परिजन लगातार सुमित को उससे दूर रहने की सलाह देते रहे। लेकिन दोनों के बीच संपर्क बना रहा।26 अगस्त को सुमित के पास फोन आया। परिवार के अनुसार, इसके बाद वह घर से कपड़े लेकर निकला और फिर वापस नहीं आया। मोहित ने परिवार को सिर्फ इतना बताया कि सुमित चला गया है। वह कहां गया और उसके साथ क्या हुआ, इसकी जानकारी परिवार को नहीं दी गई।इसके बाद सुमित शामली में पुलिस एनकाउंटर में मारा गया।अब सुमित के पिता धर्मपाल ने एनकाउंटर की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। उनका दावा है कि शनिवार को यूपी पुलिस उन्हें और उनके छोटे बेटे यशपाल को अपने साथ ले गई थी। देर रात पुलिस उन्हें घर छोड़कर गई और कथित तौर पर भरोसा दिया गया कि सुमित का एनकाउंटर नहीं किया जाएगा।लेकिन इसके बाद सुमित के एनकाउंटर की खबर सामने आई।धर्मपाल का सवाल है कि जब पुलिस ने एनकाउंटर नहीं करने का कथित भरोसा दिया था तो फिर सुमित को मुठभेड़ में क्यों मार दिया गया?हालांकि, सुमित के पिता ने यह भी कहा कि उन्हें अपने बेटे के मारे जाने का दुख नहीं है। उनका कहना है कि अगर सुमित ने गलत किया था तो उसे उसकी सजा मिली।लेकिन कहानी का सबसे गंभीर हिस्सा अब छोटे बेटे यशपाल को लेकर है।धर्मपाल का आरोप है कि पुलिस ने उनके छोटे बेटे यशपाल के साथ थर्ड डिग्री का इस्तेमाल किया। उनके मुताबिक, यशपाल का सुमित के अपराध से कोई लेना-देना नहीं है और वह वाई-फाई लगाने का काम करता है।पिता का दावा है कि छोटे बेटे के साथ कथित मारपीट और थर्ड डिग्री के बाद उसकी हालत खराब है। इसी को लेकर धर्मपाल बेहद परेशान हैं।रिपोर्ट के अनुसार, धर्मपाल ने कहा कि वह बेहद मजबूर हो चुके हैं और अगर उनका छोटा बेटा ठीक नहीं हुआ तो वह आत्महत्या जैसा कदम उठा सकते हैं।एक तरफ अंकित बालियान के परिवार को इंसाफ मिलने की उम्मीद है, वहीं दूसरी तरफ एनकाउंटर में मारे गए सुमित के पिता पुलिस की कार्रवाई और छोटे बेटे के साथ कथित व्यवहार को लेकर सवाल उठा रहे हैं।इस पूरे मामले में धर्मपाल के आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। अब सवाल यह है कि क्या सुमित के एनकाउंटर और उसके परिवार द्वारा लगाए गए आरोपों की भी जांच होगी?अंकित बालियान हत्याकांड की कहानी में अब एक नया मोड़ सामने आ गया है।

अंकित बालियान हत्याकांड में नया मोड़: एनकाउंटर में मारे गए सुमित के पिता ने पुलिस पर उठाए गंभीर सवालहरियाणवी सिंगर और यूट्यूबर अंकित बालियान हत्याकांड में दो कथित शूटरों मोहित…

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