अपने अंतर्ज्ञान के मुताबिक़ जनपद बागपत के प्रधान प्रतिनिधियों और प्रधानों द्वारा क्लेक्ट्रेट बागपत में पहुँच कर प्रशासक नियुक्त किए जाने का विरोध प्रदर्शन किया गया है। जबकि वास्तविकता यह है कि जनपद में अधिकांश गाँवो की जनता वर्तमान प्रधान के विकास कार्यों से संतुष्ट नहीं है बलकि तथाकथित विकास कार्यों की उच्च स्तरीय समीक्षा के लिए शासन को अवगत कराया जाता रहा है । इसलिए उनका मानना है कि यदि सरकार समय पर चुनाव नहीं कराती है तो ऐसी स्थिति में वर्तमान प्रधान के परिवार के अतिरिक्त गांव स्तर पर त्रिसदस्यीय कमेटी गठित की जाए जिसकी देख रेख में सभी विकास कार्यों का संचालन होता रहें।
कृषि वैज्ञानिक डॉ यशपाल सिंह, किरठल (बागपत)
