20 दिन बाद भी दर्ज नहीं हुई थी एफआईआर

रिटायर्ड डिप्टी एसपी सुरेशवीर सिंह वर्तमान में एक सिक्योरिटी कंपनी में कार्यरत हैं। मार्च 2026 में थाना फतेहपुर क्षेत्र के ग्राम बढ़ेड़ी घोघू में लगे मोबाइल टावर से 24 बैटरियां चोरी हो गई थीं। इस संबंध में सिक्योरिटी सुपरवाइजर रिफाकत हुसैन ने 23 मार्च को ही थाना फतेहपुर में लिखित तहरीर दी थी, लेकिन आरोप है कि पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की और मामले को टालती रही।
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“रिटायर्ड सीओ बताकर दफ्तर में क्यों घुसा?”
जब 20 दिन बीत जाने पर भी कार्रवाई नहीं हुई, तो 10 अप्रैल 2026 को सुरेशवीर सिंह स्वयं सिक्योरिटी कंपनी के अधिकारियों के साथ थाना फतेहपुर पहुँचे। एफआईआर में लगाए गए आरोपों के अनुसार, उस समय थाना प्रभारी विनय कुमार शर्मा अपने कार्यालय में बैठे थे। सुरेशवीर सिंह ने अनुमति लेकर अंदर जाकर तहरीर दी और रिपोर्ट दर्ज करने का अनुरोध किया। आरोप है कि इस पर इंस्पेक्टर विनय कुमार शर्मा भड़क गए और चिल्लाते हुए कहा, “तू रिटायर्ड सीओ बताकर मेरे कार्यालय में क्यों घुसा ?” एफआईआर में आरोप है कि थाना प्रभारी ने धमकी देते हुए कहा कि “यहां से भाग जा, नहीं तो बहुत महंगा पड़ेगा। चोरी की रिपोर्ट भी नहीं लिखूंगा।” इस दौरान थाने पर मौजूद पुलिसकर्मियों और कुछ अन्य