बागपत में मध्यस्थता अभियान 3.0 से सुलह-समझौते के जरिए हो रहा विवादों का समाधान
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कर रहा मध्यस्थता अभियान के प्रति लोगों को जागरूक
143 वादों में मध्यस्थता की प्रक्रिया जारी, पक्षकारों को आपसी सहमति से विवाद सुलझाने के लिए किया जा रहा जागरूक
बागपत, 12 अक्टूबर 2026 — विवाद का समाधान अदालत में लंबी कानूनी लड़ाई से ही निकले, यह जरूरी नहीं। कई मामलों में आपसी बातचीत और सहमति से भी समाधान का रास्ता निकल सकता है। इसी उद्देश्य से बागपत में राष्ट्रव्यापी मध्यस्थता अभियान 3.0 के तहत वादकारियों को जागरूक किया जा रहा है। जनपद में वर्तमान में 143 वादों में मध्यस्थता की प्रक्रिया चल रही है। अभियान के माध्यम से पक्षकारों को मध्यस्थता की सरल प्रक्रिया और इसके जरिए विवादों का समाधान तलाशने के विकल्प की जानकारी दी जा रही है।
राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण की मीडियेशन एवं कंसीलियेशन प्रोजेक्ट कमेटी, सर्वोच्च न्यायालय, नई दिल्ली के तत्वावधान में एक अगस्त 2026 से शुरू हुए इस अभियान का उद्देश्य अधिक से अधिक वादों का मध्यस्थता के माध्यम से निस्तारण कराना है। इसी क्रम में जनपद न्यायालय बागपत में आने वाले वादकारियों को अभियान के प्रति जागरूक करने के साथ उन्हें बताया जा रहा है कि मध्यस्थता के जरिए किस प्रकार आपसी सहमति से विवाद सुलझाने की दिशा में आगे बढ़ा जा सकता है।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव सुश्री अंकिता सिंह-द्वितीय ने अभियान की सफलता के लिए संबंधित न्यायालयों के पीठासीन अधिकारियों से पत्राचार कर अधिक से अधिक उपयुक्त वादों को मध्यस्थता केंद्र भेजने का अनुरोध किया है। इसका उद्देश्य पक्षकारों को विवाद के समाधान का एक वैकल्पिक अवसर उपलब्ध कराना और सहमति आधारित निस्तारण को प्रोत्साहित करना है। मध्यस्थता की विशेषता यह है कि इसमें तटस्थ मध्यस्थ दोनों पक्षों के बीच संवाद स्थापित कराने और विवाद का स्वीकार्य समाधान तलाशने में मदद करता है। समाधान पक्षकारों की आपसी सहमति पर आधारित होता है तथा इस प्रक्रिया से समय और संसाधनों की बचत होती है तथा लंबे समय से चले आ रहे विवादों को सुलझाने का अवसर मिलता है।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने आमजन से अपील की है कि न्यायालयों में लंबित अपने वादों के संबंध में मध्यस्थता की संभावना की जानकारी प्राप्त करें और उपयुक्त मामलों में इसका लाभ उठाएं। मध्यस्थता अभियान 3.0 के माध्यम से बागपत में संवाद, सहमति और समाधान की प्रक्रिया को बढ़ावा देने पर जोर दिया जा रहा है, ताकि पक्षकार अपने विवादों को सुलझाने की दिशा में सार्थक पहल कर सकें।
सूचना विभाग, बागपत